नायब तहसीलदार आशीष सिंह राजस्व टीम के साथ भोजपुरवा पहुंचे और कटान प्रभावित परिवारों का घर-घर जाकर हाल जाना।
नायब तहसीलदार आशीष सिंह राजस्व टीम के साथ भोजपुरवा पहुंचे और कटान प्रभावित परिवारों का घर-घर जाकर हाल जाना।
बागी बलिया मेधा शक्ति का धनी है और यहां के युवा दुनिया भर में अपनी मेधा से सफलता का परचम लहराते रहे हैं। अब यहां की छोटी क्लास के बच्चो ने भी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया है
कलक्ट्रेट में गुरुवार को महिला आंगनबाड़ी कर्मचारी संघ के सदस्यों ने अपनी 10 सूत्रीय मांगों को लेकर प्रदर्शन किया
पूर्व विधायक मैनेजर सिंह की जयंती पर मैराथन दौड़ का आयोजन किया गया. मुख्य अतिथि खेल एवं युवा कल्याण राज्यमंत्री गिरीश चंद्र यादव व परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने मैराथन को हरी झंडी दिखाई.
सरयू नदी का जलस्तर फिर से बढ़ने लगा है और इस सीजन में पांचवीं बार खतरे के निशान को पार कर गया है।
सरयू (घाघरा) नदी ने एक बार फिर अपना कहर बरपाना शुरू कर दिया है। लगातार तीन दिनों से पानी का स्तर बढ़ने से तटवर्ती गांवों में दहशत का माहौल है।
प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री मत्स्य विभाग संजय निषाद बुधवार को बांसडीह पहुंचे और बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया।
शांत हो रहीं गंगा की लहरे एक बार फिर वेगवती हो गयी है जिसने निचले इलाकों में रहने वाले वाशिंदों की नींद उड़ा दी है
सरयू नदी का कटान इन दिनों तेज़ी से बढ़ रहा है। बांसडीह तहसील क्षेत्र के भोजपुरवा, सुल्तानपुर और महाराजपुर गांव इसके सबसे ज्यादा शिकार बने हुए हैं। कटान से जमीनें नदी में समा रही हैं, जिससे ग्रामीण दहशत में हैं।
जिले के कई गांव बाढ़ की चपेट में आए हैं। पूर्व नेता प्रतिपक्ष एवं वरिष्ठ समाजवादी पार्टी नेता रामगोविन्द चौधरी सोमवार को बांसडीह क्षेत्र में सरयू नदी पार बाढ़ और कटान की चपेट में आए चकविलियम, दियारा भागर और महाराजपुर गांव पहुंचे।
सरयू नदी की कटान ने इस बार भी बांसडीह क्षेत्र के ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। महाराजपुर नाहर छपरा बस्ती के समीप करीब डेढ़ सौ मीटर की दूरी पर सरयू नदी तेजी से जमीन काट रही है
प्रशासन एक तरफ बाढ़ पीड़ितों को हर सुविधा समय पर देने के दावे कर रहा है वहीं पूर्व राज्य मंत्री और भाजपा नेता आनंद स्वरूप शुक्ल ने बलिया नगर विधानसभा क्षेत्र के कई गांवों में बाढ़ पीड़ितों को राहत सामग्री न मिलने का बड़ा आरोप लगाया है।
सरयू नदी में आई बाढ़ से किनारे बसे गांव इन दिनों कटान की मार झेल रहे हैं। कई इलाकों में खेत नदी में समा रहे हैं, घरों के सामने पानी है
इस बार बलिया की धरती पर बाढ़ का पानी इतना फैल गया कि असर त्योहार पर भी दिखा. नदियों ने अपने किनारे तोड़े और पानी कई गांवों के घरों में घुस गया, सड़क, रास्ते पानी में डूब गए।
पूरे देश में मॉनसून की झमाझम बारिश के बीच सरयू नदी ने एक बार फिर अपना रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है
जिले के कई हिस्से बाढ़ से प्रभावित हैं, ऐसे में शासन-प्रशासन लोगों को राहत पहुंचाने के लिए मुस्तैद है। अधिकारियों-कर्मचारियों की ड्यूटी राहत कार्यों में लगाई गई है और उन्हें कोई भी कोताही नहीं बरतने के साफ निर्देश हैं.
बाढ़ से मचे हाहाकर के बीच कुछ तस्वीरें ऐसी आईं हैं जो इस त्रासदी के बीच मुस्कुराने का मौका देती है। जिले में गंगा की बाढ़ के पानी का तांडव चरम पर है। इस बाढ़ के बीच ही एक बारात निकली।
नए पुल पर आवागमन देख प्रदेश के परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह आग बबूला हो गए और बीच सड़क पर पीडब्ल्यूडी के एक्सईएन को जमकर फटकार लगा दी.वहीं भाजपा जिलाध्यक्ष की ओर से इस कदम को जनहित का बताए जाने से चर्चाएं गर्म हैं कि एक ही पार्टी के नेता अलग-अलग सुर में क्यों बोल रहे हैं.
आज तक गंगा के बढ़े हुये जलस्तर के कारण तहसील सदर व तहसील बैरिया के कुल 42 गाँव प्रभावित हुए है
प्रभारी मंत्री दयाशंकर मिश्र दयालु और डीएम मंगला प्रसाद सिंह ने आज सोमवार को भी बाढ़ प्रभावित क्षेत्र का दौरा किया