सड़क की पटरियों पर सामान रखकर दुकानदारी चलाने वालों को चेतावनी दी गई है कि एक सप्ताह के अंदर अपना-अपना सामान हटा लें.
सड़क की पटरियों पर सामान रखकर दुकानदारी चलाने वालों को चेतावनी दी गई है कि एक सप्ताह के अंदर अपना-अपना सामान हटा लें.
बैरिया थानांतर्गत नेशनल हाईवे 31 पर स्थित मठ जोगिंदर गिरी चौराहे के पास मंगलवार को सुबह पौने छह बजे के लगभग पिकअप वैन की चपेट में आने से मोटरसाइकिल सवार एक महिला व उसके नवजात पुत्र की मौके पर ही मौत हो गई.
सिताबदियारा ग्राम से महज तीन किलोमीटर की दूरी पर बिहार के आरा भोजपुर की सीमा की ही एक पंचायत है खवासपुर. यह आरा के बड़हरा प्रखंड का हिस्सा है. इसी के सीध में गंगा नदी के उपर पिछले वर्ष की भांति बन रहा पीपा पुल इस वर्ष मकर संक्रांति के दिन से चालू हो जाएगा. वर्ष में आठ माह चलने वाला यह पीपा पुल क्षेत्रीय लोगों के लिए वरदान स्वरूप है.
गाजीपुर-हाजीपुर एनएच-31 मुख्य सड़क पर मांझी स्थित जयप्रभा सेतु के एप्रोच से बिहार सीमा में एक कार लगभग 20 फीट नीचे जा गिरी.
दुबहर थाना क्षेत्र अंतर्गत बलिया-माझी राष्ट्रीय राजमार्ग पर उदयपुरा गांव के सामने सोमवार को बाइक सवार बाबा एवं पौत्री को बैरिया के तरफ से आ रही तेज रफ्तार की कमांडर जीप ने धक्का मार दिया.
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष राहुल गांधी के आह्वान पर खाट सभा एवं किसान सभा के क्रम में रविवार को बैरिया विस के विभिन्न स्थानों पर राहुल संदेश यात्रा के तहत सभा की गई.
राहुल संदेश यात्रा माझी विधायक विजय शंकर दुबे के नेतृत्व में रविवार को बैरिया विधान सभा क्षेत्र में पहुंची. यात्रा का जगह जगह काग्रेस जनों द्वारा स्वागत किया गया.
बुधवार को गंगा नदी का जलस्तर गायघाट पर 56.26 मी, घाघरा का जलस्तर डीएसपी हेड पर 62.270 मी, चांदपुर पर 56.14 मी, माझी पर 53.52 मी है. टोंस का जलस्तर पिपरा घाट पर 56.90 मी है.
बलिया के सर्वांगीण विकास के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विशेष दूत बनकर पधारे केंद्रीय केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने बृहस्पतिवार को पूरी दरियादिली दिखाई. गाजीपुर से मांझी तक फोर लेन के अलावा शहर में साढ़े तीन किलोमीटर लंबे फ्लाईओवर की भी घोषणा उन्होंने कर दी.
गंगा और घाघरा के साथ टोंस की बाढ़ से सबसे ज्यादे प्रभावित होता है. सर्वाधिक बाढ़ का कहर गंगा नदी द्वारा भरौली से लेकर ब्यासी, दुबहर, हल्दी, गायघाट, रामगढ़, लालगंज होते हुए मांझी तक बरपाया जाता है.
जिलाधिकारी गोविन्द राजू एनएस ने गंगा एवं घाघरा नदी के बाढ़ से प्रभावित क्षेत्रों का शुक्रवार को तूफानी दौरा किया. उन्होंने सम्बन्धित अधिकारियों को बाढ़ से बचाव एवं राहत कार्य को युद्धस्तर पर करने के निर्देश दिए. उन्होंने कटान के संवेदनशील स्थानों पर तत्काल सुरक्षा के मुकम्मल उपाय करने का निर्देश सिंचाई विभाग बाढ़ खण्ड के अभियंताओं को दिया.
हरियाणा से बिहार के लिए ट्रक पर लादकर बेरहमी से वध के लिए जा रहे मवेशियों को सीओ की टीम ने गुरुवार की देर रात मांझी पुल के पास पकड़ लिया. ट्रक पर सवार लोग भागने में सफल रहे. पुलिस ने ट्रक को कब्जे में लेकर क्रूरतापूर्वक लदे 30 मवेशियों को उतारा, वहीं ठूस-ठूसकर भरे गये मवेशियों में दो काल कवलित हो गये. दो की सांसें अटकी हुई हैं.
बीते तीन दिनों के झमाझम बारिश के बाद किसानों की तो बल्ले बल्ले हो गई हैं, मगर कई जगह बाढ़ जैसी हालत हो गई है. बीबीसी की रिपोर्ट के मुताबिक गंगा का जलस्तर खतरे के निशान को छू रहा है. हालांकि सोमवार की शाम सिंचाई विभाग बाढ़ खण्ड के बाढ़ नियंत्रण कक्ष से प्राप्त रिपोर्ट के अनुसार गंगा नदी का जलस्तर गायघाट में 57.400 मीटर, घाघरा का जलस्तर डीएसपी हेड में 63.375 मीटर, घाघरा का जलस्तर चांदपुर में 57.86 मीटर, मांझी में 54.40 मीटर एवं टोंस नदी का जलस्तर पीपरा घाट पर 58.60 मीटर है. अर्थात बाढ़ नियंत्रण कक्ष की रिपोर्ट बता रही है कि जनपद में नदिया बढाव पर है, किन्तु खतरा बिन्दु से नीचे है.