सिकंदरपुरः आतंक का पर्याय बना बंदर, विभाग अनजान

सिकंदरपुर(बलिया)। सिकंदरपुर में लंबे समय से बंदरों की बढ़ती आबादी और उनका आक्रमक होना लोगों के लिए सिरदर्द बना हुआ है. लोगों को काट लेने की घटनाएं तेजी से बढ़ रही है. वहीं घरों में रखे हुए सामानों को नष्ट करना बंदरों की आदत सी बन गई है. पर विभाग पूरी तरह से अनजान बना हुआ है. बस स्टेशन चैराहे के समीप बेल्थरा मार्ग पर रहने वाले लोग एक बंदर के आतंक से परेशान रह रहे हैं.

उनका कहना है कि उक्त बंदर आधा दर्जन से अधिक बच्चे बच्चियों को काट तथा नोच चुका है. तीन दिन पूर्व छत पर बैठी एक लड़की के कान को पूरी तरह से नोच कर जख्मी कर दिया है. जबकि सड़क के किनारे खड़े बाइक व चार पहिया वाहनों पर चढ़कर उनको क्षति पहुंचाना उस बंदर की आदत सी हो गई है. उस मार्ग से आने जाने वाले लोगों को दौड़ाकर काटना आम बात हो गई है. जिससे वहां के निवासी घरों के दरवाजे बंद करके रख रहे हैं. उनका कहना है कि यदि घर में खिड़की के समीप कोई मोबाइल रखा जा रहा है तो बंदर उसको उठा ले जा रहा है. उन्होंने विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों का ध्यान आकृष्ट करते हुए बंदर के आतंक से निजात दिलाने की मांग की है.