फेफना में मासूम बेटे-बेटी को फावड़े से काट डाला

BREAKING NEWS : बलिया। फेफना थाना क्षेत्र के सिंहपुर ग्रामसभा के रामगढ़ देहलूपुर निवासी पवन चौधरी उर्फ छांगुर (38) ने बृहस्पतिवार को अपने पुत्र पीयूष उर्फ प्रिंस (5) एवं पुत्री खुशबू (7) की घर के आंगने में ही फावड़े से काट कर हत्या कर दी. हत्यारोपी छांगुर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. दोनों बच्चों के खून से लथपथ शव को पुलिस ने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया है. बताया जाता है छांगुर ने किसी बात से खफा होकर पहले पत्नी पर ही हमला बोला था. बीच बचाव करने उसकी मां और दो बहनें पहुंची, तो छांगुर ने उन्हें भी नहीं बख्शा. छांगुर ने पत्नी पर फावड़े से हमला बोल दिया, लेकिन पत्नी किसी तरह भाग निकली. उसका उग्र रूप देख मां व बहनें भी धीरे से खिसक गईं. स्थानीय लोगों के मुताबिक पत्नी से उसकी पटती नहीं थी. पांच साल पहले भी विवाद गहराने पर छांगुर को छोड़कर उसकी पत्नी अपने मायके चली गई थी. इधर बीच वह दोबारा ससुराल आकर पति के साथ रहने लगी थी.

पता होता तो बच्चों को भी साथ ले गई होती 

बुधवार की शाम छांगुर की पत्नी के साथ किसी बात को लेकर विवाद हो गया था. रात जैसे जैसे गहराई मामली सी अनबन तूल पकड़ती गई. भोर होते होते उसका गुस्सा सातवे आसमान पर था. उसका उग्र रूप देख कर पत्नी, मां व बहनें  घर से बाहर चली गईं. वे किसी पड़ोसी के यहां जाकर छुप गईं. वारदात की भनक लगने पर किसी पड़ोसी ने पुलिस को सूचना दी. घटना की सूचना मिलते ही सीओ सदर बाबूलाल यादव और फेफना थानाध्यक्ष उमेश कुमार यादव फोर्स के साथ घटनास्थल पर पहुंच गए. मासूम बच्चों की खून से लथपथ लाश देख पुलिस वाले भी सिहर उठे. मामले की जानकारी होने पर छांगुर की पत्नी व अन्य परिजन भी घर लौटे. पत्नी का कहना है कि वह तो यह सोच कर पड़ोस में जाकर छुप गई थी कि शायद उसकी अनुपस्थिति में उसका गुस्सा ठंडा पड़ जाए. उसे पता होता कि वह वहशी बच्चों को भी नहीं बख्शेगा तो उन्हें भी साथ ले गई होती. पुलिस छांगुर, उसकी पत्नी और अन्य ग्रामीणों से पूछताछ कर रही है. आशंका जताई जा रही है कि बच्चों के नाजायज होने का शक उसे कहीं का नहीं छोड़ा.