बाढ़ पीड़ितों की प्रशासनिक स्तर पर मदद नहीं की जा रही है.अधिकारी मुख्यमंत्री के निर्देश का पालन नहीं कर रहे हैं. पानी और खाना भी नहीं मिल रहे हैं.
बाढ़ पीड़ितों की प्रशासनिक स्तर पर मदद नहीं की जा रही है.अधिकारी मुख्यमंत्री के निर्देश का पालन नहीं कर रहे हैं. पानी और खाना भी नहीं मिल रहे हैं.
उदई छपरा और गोपालपुर गांव बंधा से बिल्कुल सटे होने से सबसे अधिक प्रभावित हुए हैं. वहां के लोगों ने एनएच-31 के दोनों किनारों पर शरण ले रखा है.
रसड़ा विधानसभा क्षेत्र में भी टोंस नदी की बाढ़ से प्रभावित गांव कोड़रा में विधायक उमा शंकर सिंह ने 116 बाढ़ प्रभावित परिवारों को शिविर लगाकर राहत सामग्री वितरण किया.