Ballia News: जिलाधिकारी बोले सरयू के कटान प्रभावित महाराजपुर को हर हाल में बचाएंगे

Please LIKE and FOLLOW बलिया LIVE on FACEBOOK page https://www.facebook.com/BalliaLIVE

रविशंकर पांडेय,बांसडीह,बलिया

बांसडीह,बलिया. पिछले कई दिनों से सरयू की उफनती लहरों ने भोजपुरवा और महाराजपुर समेत कुछ गांवों में तबाही मचाई हुई है। जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह ने बुधवार को तहसील बांसडीह के ग्राम चांदपुर एवं महाराजपुर पहुंचकर सरयू नदी से हो रहे कटान का निरीक्षणकिया।

डीएम बलिया ने ग्रामीणों से बातचीत कर कटान की स्थिति की जानकारी ली और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान बाढ़ खंड के अधिकारियों ने जिलाधिकारी को बताया कि कटान रोकने के लिए 17 कटर लगाए गए हैं। प्रत्येक कटर की चौड़ाई 12 मीटर, ऊंचाई 4 मीटर तथा लंबाई 8 मीटर है। इसके अलावा कटान निरोधक कार्यों के लिए 5 करोड़ रुपये की धनराशि भी प्राप्त हो चुकी है।

This Post is Sponsored By Memsaab & Zindagi LIVE         

जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि महाराजपुर गांव को हर हाल में कटान से सुरक्षित रखना प्राथमिकता है। उन्होंने बाढ़ खंड अधिकारी को निर्देशित किया कि घाघरा नदी की धारा को मोड़ने के लिए जिओट्यूब (Geotube) की समुचित व्यवस्था तत्काल सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि नदी में जिओट्यूब डालने से जलधारा का रुख बदलेगा, जिससे कटान की आशंका काफी हद तक कम होगी।

डीएम ने बताया कि आने वाले दिनों में घाघरा नदी का जलस्तर लगभग दो मीटर तक बढ़ने की संभावना है। ऐसे में सभी बचाव एवं सुरक्षा कार्य समय रहते पूरे कर लिए जाएं। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि बाढ़ एवं कटान से बचाव कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

जिलाधिकारी के निरीक्षण से क्षेत्रीय ग्रामीणों में कटान से बचाव को लेकर प्रशासनिक सक्रियता का भरोसा बढ़ा है। प्रशासन ने भी आश्वस्त किया कि संभावित बाढ़ और कटान की स्थिति से निपटने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां युद्धस्तर पर की जा रही हैं। निरीक्षण में बांसडीह विधायिका केतकी सिंह, अधिशासी अभियंता बाढ़ खण्ड एवं अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे।

कटान प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करते डीएम बलिया

भोजपुरवा में भी गए थे डीएम, दिया आश्वासन

जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह ने मंगलवार को विकास खंड मनियर के ग्राम भोजपुरवा पहुंचकर घाघरा नदी से हो रहे कटान का स्थलीय निरीक्षण किया। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को बताया कि वर्तमान में पंचायत भवन में अस्थायी रूप से विद्यालय संचालित हो रहा है, जहां लगभग 50 बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं। इस पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को नए विद्यालय के निर्माण का प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश देते हुए कहा कि जल्द ही नए विद्यालय का निर्माण कराया जाएगा।

निरीक्षण के दौरान ग्रामीणों ने यह भी बताया कि गांव की करीब 25 वर्ष पुरानी पानी की टंकी भी अब घाघरा नदी में समाहित होने की आशंका बनी हुई है। जिलाधिकारी ने आश्वासन दिया कि नई पानी की टंकी का निर्माण शीघ्र कराया जाएगा। ग्रामीणों ने बताया कि करीब पांच वर्ष पूर्व टिगुनिया गांव भी घाघरा नदी में समाहित हो गया था, जिसके बाद वहां के विस्थापित परिवारों को ग्राम सुल्तानपुर में बसाया गया। ग्रामीणों ने गांव में दो सोलर लाइट लगाने की मांग भी रखी। इस पर जिलाधिकारी ने सोलर की व्यवस्था कराने का आश्वासन दिया। उन्होंने अधिकारियों को प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित कराने के लिए आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए।

जिलाधिकारी ने बताया कि घाघरा नदी से लगभग 500 मीटर की दूरी तक गांव बसे हुए हैं। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि अपनी सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए समय रहते सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट हो जाएं, ताकि किसी भी प्रकार की जनहानि से बचा जा सके।

Breaking News और बलिया की तमाम खबरों के लिए आप सीधे हमारी वेबसाइट विजिट कर सकते हैं.

Website: https://ballialive.in/
Facebook: https://www.facebook.com/BalliaLIVE
X (Twitter): https://twitter.com/ballialive_
Instagram: https://www.instagram.com/ballialive/
Threads: https://www.threads.net/@ballialive

 

अब बलिया की ब्रेकिंग न्यूज और बाकी सभी अपडेट के लिए बलिया लाइव का Whatsapp चैनल FOLLOW/JOIN करें – नीचे दिये गये लिंक को आप टैप/क्लिक कर सकते हैं.

https://whatsapp.com/channel/0029VaADFuSGZNCt0RJ9VN2v

आप QR कोड स्कैन करके भी बलिया लाइव का Whatsapp चैनल FOLLOW/JOIN कर सकते हैं.

ballia live whatsapp channel

This Post is Sponsored By Memsaab & Zindagi LIVE         

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.