दियारा क्षेत्र के रिगवन छावनी, नवकागाँव, बिजलीपुर, कोटवा, मल्लाहि चक, चक्की दियर, टिकुलिया, पर्वतपुर, रघुबर नगर आदि गाँवों के किसानों के लगभग हजारों एकड़ खेत घाघरा में समाहित
बिल्थरारोड के चैनपुर गुलौरा, तुर्तीपार, हल्दीरामपुर आदि क्षेत्रों में तेजी से कटान हो रही है. कृषि भूमि कट-कट कर नदी की जलधारा में विलीन हो रही है. चैनपुर गुलौरा में टीएस बंधे तक बाढ़ का पानी पहुंच गया है.
अब गंगा मैया पर ही भरोसा बचा है. बैरिया विधानसभा क्षेत्र के गंगा तटवर्ती गांव की डेढ़ लाख आबादी सहमी हुई है. बाढ़ कटान से सुरक्षा के लिए गंगा की धारा को मोड़ने के लिए चल रहे ड्रेसिंग कार्य और पारकोपाइन पद्धति से हो रहे कार्य पर प्रभावित ग्राम वासियों को उतना भरोसा नहीं, जितने दंभ भरा जा रहा है.
मौके पर 10 वर्ष से कम उम्र के बाल मजदूरों से दो रुपए प्रति बोरी भरने का लालच देकर काम लिया जा रहा है. बाल मजदूरों ने बताया कि दिन भर 100 बोरी ईंट के टुकड़े हम करीब 12 बच्चें भर लेते हैं.
एक तरफ कोरोना महामारी की त्रासदी तो दूसरी तरफ घाघरा नदी के उग्र रूप से लोगों में मायूसी छाने लगी है. बता दें कि मनियर इलाके में घाघरा नदी ने अपना रूप दिखाना शुरू कर दिया है. तीन दिन पहले से नदी में जलस्तर बढ़ने के साथ – साथ कटान भी शुरू हो गया है.
पहले ही बारिश से घाघरा नदी का तांडव शुरू हो गया है. रिगवन गाँव के पूरब छावनी के पास खेतों के कटान के साथ पेड़ भी धराशायी होकर घाघरा नदी में समाहित होते दिख रहे हैं.
डीएम श्रीहरी प्रताप शाही टीएस बंधे पर निरीक्षण के दौरान पर्वतपुर रेगुलेटर का जायजा लेने के लिए रुक गए. रेगुलेटर संचालक को रेगुलेटर उठाने और गिराने को कहा.
चैनछपरा घाट पर नींद में सोए जनप्रतिनिधियों एवं जिला प्रशासन को जगाने के लिए ग्रामवासियों के साथ खुद ही कटान रोधी कार्य का समाजसेवी और पूर्व प्रधान विनोद कुमार चौबे ने शुभारम्भ किया.
नमस्कार! बलिया LIVE पर आप सभी का बहुत बहुत स्वागत है. ये पेज आप सभी को एक साथ कम समय में सभी खबरें उपलब्ध कराने के मकसद से बनाया गया है. जब भी आपके पास थोड़ा वक्त हो इस पेज को एक बार देख लें – आपको ब्रेकिंग न्यूज़ और अपडेट के साथ साथ बीती घटनाओं का फॉलो अप भी मिलता रहेगा.
error: Content is protected !!
बलिया लाइव पर अपना विज्ञापन देने के लिए यह FORM भर कर भेज दें. हम आपसे संपर्क कर लेंगे.