नए साल 2017 के प्रथम दिन रविवार को बैरिया थाना क्षेत्र के दयाछपरा गांव में तत्कालीन पुलिस अधीक्षक वैभव कृष्ण द्वारा “प्रोजेक्ट उत्थान” की शुरुआत की गई. यहां 30 की संख्या वाले 8 ग्रुपों मे महिलाओं का पंजीकरण किया गया, जिन्हें नेहरू युवा मंडल रेवती द्वारा स्वावलंबी बनाने के लिए अगरबत्ती, रूहअफजा, जूस, जेली व अचार आदि कई घरेलू उत्पाद बनाने का हुनर सिखाया जाएगा. पहले ही दिन 80 से अधिक महिलाओं को रूहअफजा और अगरबत्ती बनाना सिखाया गया.
मंगलवार की शाम सूर्यास्त के समय थाना नरही के उप निरीक्षक श्रीकान्त व पुलिस पिकेट भरौली के का. अमरदेव, का.आशीष यादव द्वारा चेकिंग के दौरान रंन्जन कुमार निवासी – ज्योति चौक , जिला- बक्सर बिहार को , एक बोरी में 30 बोतल इम्पीरियल ब्लू ह्विस्की के साथ गिरफ्तार किया गया. उक्त शराब बिहार में शराबबन्दी के कारण चोरी छुपे उत्तर प्रदेश से ले जाई जा रही थी.
फत्तेउल्लाहपुर स्थित सुखबीर एग्रो फैक्ट्री का गेट गुस्साए ग्रामीणों ने बंद कर दिया और प्रदर्शन करने लगे. फैक्ट्री से उड़ने वाली राख से ग्रामीणों का जीना मुहाल हो गया है. जिसके कारण सैकड़ों ग्रामीणों का गुस्सा रविवार को भड़क उठा. बाद में फैक्ट्री के इलेक्ट्रिक इंजीनियर एपी यादव की ओर से आश्वासन दिया गया कि वह इस प्रकरण को जीएम के समक्ष उठायेंगे, तब जाकर ग्रामीण शांत हुए.
अपराधी बेलगाम हो गए हैं. जिले में हालात ऐसे हो गए हैं कि अब सपा नेता तक सुरक्षित नहीं हैं. ऐसी स्थिति में तो आमजन की बात करना ही बेमानी है. खादी ग्रामोद्योग के प्रदेश उपाध्यक्ष जयकिशन साहू के जलालाबाद स्थित पेट्रोल पंप पर बदमाशों ने तमंचे से आतंकित करके कैशियर से पौने सात लाख रुपये लूट की घटना को अंजाम दे दिया.
पुलिस अधीक्षक वैभव कृष्ण साल के पहले दिन दयाछपरा गांव में होंगे. वहां वह नए साल का उत्सव गरीब मजलूम महिलाओं के साथ मनाएंगे. इस अवसर पर एक तरफ जहां पुलिस अधीक्षक द्वारा कुछ चिन्हित गरीब महिलाओं में कंबल का वितरण करेंगे, वहीं उनके जीविका के संसाधनों की व्यवस्था के लिए महिलाओं को हुनर सिखाए जाने का श्रीगणेश भी करेंगे.
पूर्व मंत्री व सांसद स्वर्गीय जगन्नाथ चौधरी की 17 वीं पुण्यतिथि पर बस स्टेशन चौराहा पर आयोजित सर्वदलीय सभा में उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई. कार्यक्रम का शुभारंभ मौजूद लोगों द्वारा उनके मूर्ति पर माल्यार्पण के साथ हुआ. तत्पश्चात वक्ताओं ने उनके व्यक्तित्व एवं कृतित्व के बारे में चर्चा कर उन्हें विकास पुरुष व कर्मयोगी की संज्ञा दिया.
