पाक्सो एक्ट मामले में 25 साल की सजा, 51 हजार रुपए का अर्थदंड [ पूरी खबर पढ़ें ]
नौकरी दिलाने के नाम पर 18 लाख की ठगी करने वाला एक युवक गिरफ्तार, एक की तलाश जारी [ पूरी खबर पढ़ें ]
पाक्सो एक्ट के मामले में सुनवाई करते हुए सिविल कोर्ट के स्थित अपर सत्र न्यायाधीश की अदालत ने मंगलवार की दोपहर आरोपी को 25 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई.
न्यायालय द्वारा बार बार वारंट जारी करने के बाद कोई आरोपी हाजिर न्यायालय नहीं हुआ. प्रकरण में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट बलिया द्वारा कई बार वारंट जारी किया जा चुका था, किंतु सभी आरोपी फरार थे. कुर्की की कार्यवाही चल रही थी.
पीड़िता मां का कहना है कि मेरी नाबालिग लड़की को भगाने के आरोपी को पुलिस बचा रही है. मेरी लड़की के साथ बलात्कार हुआ है और यह मेडिकल जांच से ही पता चल सकता है.
बता दे कि नगर में संचालित नर्सिंग होम अपनी लापरवाहियों और दबंगई के लिए अक्सर चर्चा में रहता है. शायद ही कोई साल ऐसा होगा, जहां जच्चा- बच्चा की मौत के बाद हंगामा न होता हो.
ट्रक चालकों ने घायलों को टेम्पो से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सोनबरसा पहुंचाया, जहां गम्भीर रूप से घायल तीन लोगों को जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया.
बताया जा रहा है कि नवनीत कुमार सिंह (28) किसी दवा कंपनी में एमआर था. 31 दिसम्बर की रात दोस्तों के साथ पार्टी किया. उसके बाद रात में घर आया और अपने कमरे में चला गया.
आस-पास के लोगों ने एम्बुलेंस के सहायता से जिला अस्पताल में उपचार के लिए भर्ती कराया. मिली जानकारी के अनुसार बता दे कि रविवार की दोपहर सुजीत राजभर के पिछले दिनों हुए आपरेशन का टांका कटवाने की मुख्यालय आये हुए थे.