सिकंदरपुर नगर के बस स्टेशन चौराहा स्थित राज रेस्टोरेंट में उपजिलाधिकारी सिकंदरपुर अशोक यादव के नेतृत्व में पहुंचे खाद्य सुरक्षा अधिकारी संतोष कुमार एवं उनकी टीम ने छापामारी कर सैम्पल लिया.
बाराचंवर ब्लाक मुख्यालय पर स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र पर तैनात चपरासी निर्मल सिंह पुत्र यमुना सिंह (46 साल) निवासी मनियर (बलिया) की मृत्यु हो गयी.
मथुरा महाविद्यालय के आक्रोशित छात्र नेताओं ने विद्यालय गेट के सामने टीडी कॉलेज प्रशासन का पुतला फूंका. इस दौरान छात्रों ने कालेज प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की.
यदि आपने स्नातक (बीए) में प्रवेश लेने के लिए प्रवेश फॉर्म नहीं भर पाए हैं. तो अभी भी आपके पास एक मौका बचा हुआ है. अमरनाथ मिश्र स्नातकोत्तर महाविद्यालय दुबे छपरा में प्रवेश फॉर्म वितरण व भरने की तिथि 20 जुलाई 2017 दी गयी है.
क्षेत्र में घाघरा नदी का पानी निरंतर घटता जा रहा है. इसी के साथ विभिन्न दियारों में कटान का वेग भी धीमा हो गया है. ऐसे में क्षेत्र के डूहां स्थित बनखंडी नाथ मठ की उत्तरी दीवाल पर चढ़ा घाघरा नदी का पानी नीचे खिसकते जाने से वहां के साधु संतों ने राहत की सांस ली है.
र्व विधायक भगवान पाठक के पिता भुवनेश्वर पाठक का अंतिम संस्कार मंगलवार को मनियर के समीप घाघरा नदी के तट पर किया गया, जिसमें राजनीतिक व सामाजिक नेताओं और कार्यकर्ताओं सहित हजारों लोगों ने भाग लेकर अश्रुपूरित नेत्रों के साथ उन्हें अंतिम विदाई दिया.
नगर के टीडी कॉलेज में शनिवार को प्रवेश परीक्षा के दौरान प्रवक्ता के साथ हुई मारपीट के मामले में सदर कोतवाली पुलिस ने सात नामजद समेत 16 अज्ञात छात्रों पर मुकदमा दर्ज कर लिया है.
जिला अस्पताल परिसर स्थित सफाई कर्मियों के आवास में सोमवार को पति-पत्नी में विवाद हो गया. इस बीच पत्नी ने पति पर तेजाब फेक दिया. उसका उपचार जिला अस्पताल में हुआ. सूचना पर मौके पर पुलिस भी पहुंच गई.
ओम शंकर जी बालिका संस्कृत उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में प्रथमा, पूर्व मध्यमा, उत्तर मध्यमा में नए सत्र में प्रवेश हेतु विद्यालय पर फार्म उपलब्ध हो गया है.
विकासखंड नवानगर के ग्राम पंचायत चकखान के प्रधान शकुंतला देवी के पति स्वर्गीय डॉ. उदयभान की सातवीं पुंण्यतिथि के अवसर पर 2016-17 में कराए गए कार्यों का लोकार्पण किया गया. ग्राम प्रधान शकुंतला देवी ने कहा कि आज हम लोगों का गांव तेजी से विकास की तरफ बढ़ रहा है.
समस्त शिक्षण संस्थानों को अपने-अपने संस्थाओं का कोर्स एवं फीस को डिजिटल लॉक किया जाना है. ऐसा नहीं किए जाने पर छात्रवृत्ति का ऑनलाइन आवेदन करते समय दिक्कत आएगी. उस समय संस्था का कोर्स दिखाई नहीं देगा, जिसकी जिम्मेदारी संस्था की होगी.