

नगरा (बलिया)। आजमगढ़ रेलवे स्टेशन पर तैनात जीआरपी जवान प्रवीण कुमार सिंह का शव मंगलवार की रात को पैतृक गृह पहुचते ही कोहराम मच गया. परिजनों के करुण क्रंदन से माहौल गमगीन हो गया. माँ औऱ पत्नी का रोते रोते बुरा हाल था. मृत जवान के छोटे-छोटे बच्चों को पता नही कि उनके पापा अब इस दुनिया मे नही रहे. देर रात मृत जवान का अंतिम संस्कार कर दिया गया.
नगरा कस्बे के नई बस्ती निवासी प्रवीण कुमार सिंह 28 पुत्र स्व रामनिवास सिंह आजमगढ़ रेलवे स्टेशन पर जीआरपी में तैनात थे. प्रवीण ने मंगलवार की भोर में लगभग 4.30 बजे तबियत खराब होने की शिकायत की थी. लोग कुछ समझ पाते तब तक उनकी मौत हो गई. पोस्टमार्टम के बाद रात को उसका शव पैतृक घर पहुँचा. पति के मृत शरीर को देख पत्नी सुध बुध खो बैठी थी. पत्नी अपने बच्चों के भविष्य को लेकर समझ नही पा रही थी कि विधाता ने उसके साथ ऐसा अनर्थ क्यों किया. वहीं मां को समझ नही आ रहा था कि विधाता ने उसके साथ ऐसा गलत सलूक क्यों किया. परिजनों के चीत्कार से मौजूद लोगों की आंखे नम थीं. मृतक अपने पीछे अपनी माँ माया देवी, पत्नी मंजुला देवी व दो पुत्र प्रांजल 5 तथा प्रतीक 3 को छोड़ गया है.
