जननायक चंद्रशेखर विश्वविद्यालय में सात दिवसीय ‘आर्थिक वित्तीय साक्षरता’ कार्यशाला का हुआ समापन

सकारात्मक और राष्ट्र निर्माण कार्यों में अपनी ऊर्जा लगानी चाहिए- कुलपति प्रो. कल्पलता पाण्डेय

बलिया। उत्तर प्रदेश उच्च शिक्षा परिषद् के सहयोग से जननायक चंद्रशेखर विश्वविद्यालय में शिक्षक-शिक्षा के उत्कृष्ठता केंद्र, अर्थशास्त्र विभाग तथा वाणिज्य विभाग के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित सात दिवसीय (10अक्टूबर से 16 अक्टूबर तक)संकाय संवर्द्धन कार्यशाला ‘आर्थिक वित्तीय साक्षरता’ के सप्तम दिवस रविवार को सम्पन्न हुई।

 

अंतिम दिवस की कार्यशाला के प्रथम सत्र में प्रो राम शर्मा, प्राचार्य श्री सुदृष्टि बाबा स्नातकोत्तर महाविद्यालय बलिया ने सम्पोषी विकास और वित्तीय साक्षरता पर व्याख्यान प्रस्तुत कियाl

 

द्वितीय सत्र में सप्तदिवसीय कार्यक्रम के संदर्भ में प्रतिभागियों से फीडबैक लिया गया l

 

अंतिम सत्र में कार्यशाला के समापन समारोह में मुख्य अतिथि कुलपति प्रो कल्पलता पाण्डेय ने कहा कि व्यक्ति को आत्मविश्लेषण पर ध्यान देना चाहिए, छिद्रान्वेषण पर नहीं। इसके द्वारा व्यक्ति अपने व्यक्तित्व का उत्तरोत्तर विकास करता है और किसी भी संस्थान और समाज के विकास में अपना सक्रिय और महत्त्वपूर्ण योगदान देता है।

 

उन्होंने कहा कि ऊर्जा का कोई धर्म नहीं होता है।अतः सकारात्मक और राष्ट्र निर्माण कार्यों में ही अपनी ऊर्जा लगानी चाहिए l सप्तदिवसीय कार्यशाला की सरांशिका और गतिविधियों का प्रस्तुतीकरण कार्यक्रम सचिव डॉ प्रियंका सिंह ने किया। धन्यवाद ज्ञापन कार्यक्रम संयोजक डॉ रमाकांत सिंह ने किया तथा मंच संचालन डॉ प्रमोद शंकर पाण्डेय ने किया l

 

इस अवसर पर जननायक चंद्रशेखर विश्वविद्यालय, से डॉ.विजय शंकर पाण्डेय, डॉ.नीलमणि त्रिपाठी, डॉ.संदीप यादव, डॉ शशि भूषण, डॉ गुंजन कुमार, डॉ.प्रज्ञा बौद्ध, डॉ.राम शरण यादव, डॉ रंजना मल्ल, डॉ अभिषेक त्रिपाठी, डॉ मनोज कुमार, डॉ रूबी, डॉ स्मिता, डॉ विवेक कुमार सहित विश्वविद्यालय के शिक्षक और प्रतिभागीगण उपस्थित रहे l

(बलिया से केके पाठक की रिपोर्ट)